उस मोड़ से सुरु करें , फ्हिर ये ज़िन्दगी
हर सह जहाँ हसीं थी , हम तुम थे अजनबी
शायद ये वक़्त हमसे कोई चाल चल गया
रिश्ता वफ़ा का और ही रंगों मैं ढल गया
उस मोड़ से सुरु करें , फ्हिर ये ज़िन्दगी
हर सह जहाँ हसीं थी , हम तुम थे अजनबी
शायद ये वक़्त हमसे कोई चाल चल गया
रिश्ता वफ़ा का और ही रंगों मैं ढल गया
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